• वाराणसी से 7 बार विधायक रहे श्यामदेव राय चौधरी को टिकट नहीं, शाह पर वादाखिलाफी का आरोप

लखनऊ। भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश में होने वाले विधान परिषद चुनाव के लिए रविवार (15 अप्रैल) को अपने 10 उम्मीदवारों की घोषणा कर दी। बीजेपी ने एक सीट अपनी सहयोगी पार्टी अपना दल के लिए छोड़ी है। 11वीं सीट के लिए केन्द्रीय मंत्री और अनुप्रिया पटेल के पति आशीष पटेल को अपना दल से टिकट मिला है। वहीं भाजपा ने दूसरे दल से पार्टी में आने वाले नेताओं को भी टिकट दिया है।

किसको मिला टिकट ?

बीजेपी ने विद्या सागर सोनकर, अशोक कटारिया, विजय बहादुर पाठक, अशोक धवन, बुक्कल नवाब, सरोजिनी अग्रवाल, यशवंत सिंह, जयवीर सिंह, डॉ. महेंद्र सिंह और मोहसिन रजा को टिकट देने का ऐलान किया है। बीजेपी ने दोनों वर्तमान MLC डॉ. महेंद्र सिंह और मोहसिन रजा को फिर से विधान परिषद भेजने का फैसला किया है। हालांकि वाराणसी से 7 बार के विधायक रहे श्यामदेव राय चौधरी को इस बार टिकट नहीं मिला है। उन्‍होंने बीजेपी अध्‍यक्ष अमित शाह पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया है।

लिस्‍ट में संगठन के 4 लोग भी

बीजेपी ने संगठन के चार लोगों को भी उच्च सदन भेजने का फैसला किया है। बीजेपी ने संगठन में महामंत्री विजय बहादुर पाठक, विद्यासागर सोनगर, अशोक कटारिया और अशोक धवन को अपना उम्मीदवार बनाया है। सभी उम्मीदवार सोमवार को नामांकन दाखिल करेंगे।

बीजेपी ने निभाया वादा, इन्‍हें दिए टिकट

बीजेपी की लिस्ट में उन सभी 4 नेताओं के नाम हैं, जिन्होंने एमएलसी से इस्तीफ़ा दिया था। यशवंत सिंह ने जो सीट छोड़ी थी, उस पर सीएम योगी आदित्यनाथ चुन कर आए थे। राज्यसभा चुनाव में निर्दलीय विधायक राजा भैया को बीजेपी खेमे में लाने में भी उनका बड़ा रोल रहा। यशवंत पिछले साल सपा छोड़कर बीजेपी में आ गए थे। उनके साथ सरोजिनी अग्रवाल और बुक्कल नवाब ने भी विधान परिषद से इस्तीफ़ा दे दिया था। बीजेपी ने अपना वादा निभाते हुए इन सभी नेताओं को एमएलसी का टिकट दिया है। वहीं मायावती सरकार में ताक़तवर मंत्री रहे जयनारायण सिंह बीएसपी छोड़ कर बीजेपी में शामिल हुए थे। उनको भी टिकट मिला है।

कब होगा चुनाव ?

यूपी में विधान परिषद की 13 सीटों के लिए 26 अप्रैल को चुनाव होना है। चुनाव की अधिसूचना 9 अप्रैल को जारी कर दी गई थी। नामांकन की आखिरी तारीख 16 अप्रैल है। उम्मीदवार 19 अप्रैल तक नामांकन वापस ले सकते हैं।