सूर्य के सबसे करीबी बुध ग्रह के रहस्यों से अब पर्दा उठाएगा ब्रिटेन का अंतरिक्ष यान

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लंदन। ब्रिटेन का एक अंतरिक्ष यान अब बुध ग्रह के रहस्‍यों से पर्दा उठाएगा। यह अं‍तरिक्ष यान इसी हफ्ते बुध की यात्रा पर रवाना होगा। बता दें कि यह अपनी तरह का पहला अभियान होगा जिसका मकसद यह पता लगाना है कि क्या सूर्य के सबसे करीबी ग्रह पर पानी है या नहीं।

ग्रह पर पानी का पता लगाएगा यान

यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ईएसए) के बेपीकोलंबो अभियान के तहत दो कृत्रिम उपग्रह जैसे उपकरण भेजे जाएंगे जो उस ग्रह से जुड़ी जानकारी जुटाएंगे। बता दें कि बुध ग्रह के सतह का तापमान करीब 450 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है।
अंतरिक्ष यान में ले जाए जाने वाले एक उपकरण का निर्माण करने वाली ब्रिटेन की यूनिवर्सिटी ऑफ लीसेस्टर की प्रोफेसर एम्मा बंस ने कहा, ‘बुध से जुड़ी ऐसी कुछ मजेदार और अलग तरह की चीजें हैं, जिनके बारे में हमें अब भी नहीं पता।’ अंग्रेजी अखबार ‘द टेलीग्राफ’ की खबर के अनुसार, बेपीकोलंबो अभियान से पूर्व के अभियानों में सामने आए सवालों के जवाब मिलने की उम्मीद है। इनमें सबसे अहम सवाल है कि इस ग्रह पर पानी की मौजदूगी है या नहीं।

चुंबकीय क्षेत्र के बारे में जुटाएंगे जानकारी

सूर्य से बेहद करीब होने के बावजूद बुध के झुकाव का मतलब है कि उसके कुछ क्षेत्र स्थायी रूप से छाया में रहते हैं और तापमान शून्य से नीचे 180 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है जिससे ग्रह पर बर्फ जमने की संभावना है। अनुसंधानकर्ता साथ ही बुध के चुंबकीय क्षेत्र के बारे में और जानकारी जुटाना चाहते हैं। बता दें कि बुध ग्रह की सतह पूरी तरह से पथरीली है जो गड्ढों से भरी है। इसका वायुमंडल बहुत महीन है और इसका कोई चन्द्रमा भी नहीं है।

क्‍या है बुध ग्रह की खासियत ?

बुध (Mercury), सौरमंडल के 8 ग्रहों में सबसे छोटा है और यह सूर्य से सबसे निकट भी है। सभी ग्रहों में यह सबसे जल्दी सूर्य की परिक्रमा पूरी कर लेता है। पृथ्वी के मुकाबले यह ग्रह धीरे-धीरे अपनी धुरी पर घूमता है, इसलिए यहां का दिन काफी लंबा होता है। पृथ्वी के दिन के हिसाब से बुध 88 दिनों में सूर्य के चारों ओर अपनी परिक्रमा पूरी कर लेता है। बुध ग्रह का एक दिन पृथ्वी के 59 दिनों के बराबर होता है। इतिहासकारों का मानना है कि आज से 5000 वर्ष पूर्व सुमात्रा के लोग इस ग्रह के बारे में जानते थे। 500 ईसा पूर्व प्राचीन ग्रीस के खगोल विज्ञानियों ने भी इस ग्रह के होने की पुष्टि की थी। इसका अंग्रजी नाम मर्क्युरी है, जो रोमन देवता के नाम के आधार पर रखा गया था। इस ग्रह के पास ढंग का वायुमंडल नहीं है जो ऊष्मा को छान सके, इसलिए रात के समय यहां तापमान माइनस 170 डिग्री सेल्सियस तक गिर जाता है। यहां दिन और रात के तापमान में लगभग 600 डिग्री सेल्सियस का अंतर होता है, जो पूरे सौर मंडल में सबसे ज्यादा है। अगर बुध ग्रह को पृथ्‍वी से देखा जाए तो यह बहुत उज्जवल वस्तु जैसा दिख सकता है। हालांकि सूर्य से अत्‍यधिक निकट होने के कारण इसे शुक्र की तुलना में देखना थोड़ा कठिन होता है।

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