रिसर्च : वैज्ञानिकों ने बनाए शुक्राणु जैसे तैरने वाले रोबोट, जो हमारे शरीर में पहुंचाएंगे दवाइयां

40 0

लंदन। वैज्ञानिकों ने एक ऐसी डिवाइस बनाने में कामयाबी पाई है, जो मरीजों के शरीर के विभिन्‍न हिस्‍सों में दवाइयां पहुंचाने का काम करेगी। ये तैरने वाली सूक्ष्म रोबोटिक डिवाइस है, जो शरीर के उन खास हिस्सों में दवा पहुंचाएगी, जहां उसकी जरूरत है। इनका आकार इंसान के शुक्राणुओं की तरह है और यह डिवाइस शुक्राणु कोशिकाओं के व्‍यवहार की नकल करती है।

किसने बनाई डिवाइस ?

ब्रिटेन में यूनिवर्सिटी ऑफ एक्सेटर के अनुसंधानकर्ताओं ने यह यंत्र और चुंबकीय नियंत्रण प्रणाली बनाई है। शोधकर्ताओं का कहना है कि ये यंत्र अत्‍यंत सूक्ष्म हैं। इनका ऊपरी सिरा चुंबकीय है और निचला हिस्सा लचीली पूंछ जैसा है। इसके चुंबकीय क्षेत्र को सक्रिय करने पर उन्हें खास हिस्से तक तैर कर जाने में मदद मिलती है। यह शोध ‘जर्नल फिजिक्स ऑफ फ्लूइड्स’ में प्रकाशित हुआ है।

इलाज में लगेगा कम समय

वैज्ञानिकों का मानना है कि इन यंत्रों का इस्तेमाल शरीर के विशिष्ट हिस्सों तक दवाइयां पहुंचाने में किया जा सकता है। साथ ही, इनके इस्तेमाल से इलाज में लगने वाले समय में उल्‍लेखनीय सुधार आएगा। उन्होंने विभिन्न वातावरणों में इन यंत्रों के व्यवहार का पूर्वानुमान लगाने के लिए एक मैथेमेडिकल मॉडल भी विकसित किया है।

क्‍या कहते हैं वैज्ञानिक ?

विश्वविद्यालय के प्रोफेसर फियोडोर ओग्रिन  का मानना है कि यह तकनीक हमारे इलाज करने का तौर-तरीका पूरी तरह बदल सकती है। एक दिन इन तैराकों का इस्तेमाल रक्त वाहिकाओं से गुजर कर दवा को ठीक-ठीक उस अंग तक पहुंचाने में इस्तेमाल किया जा सकता है, जहां वास्‍तव में उसकी जरूरत है। उन्होंने कहा कि इससे इलाज में लगने वाला समय भी कम हो सकता है और इस तकनीक का इस्‍तेमाल कर ज्‍यादातर लोगों की जान बचाई जा सकती है।

Related Post

ट्विटर के सिस्टम में गड़बड़ी, 33 करोड़ यूजर्स से फौरन पासवर्ड बदलने की अपील

Posted by - May 4, 2018 0
ट्विटर के सॉफ्टवेयर में बग आ जाने के कारण असुरक्षित हो गए यूजर्स के पासवर्ड सैन फ्रैंसिस्को। ट्विटर ने सुरक्षा कारणों…

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *