इंसान को बचाने के लिए अब वैज्ञानिक करने वाले हैं ऐसा, जानकर हो जाएंगे हैरान

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लंदन। इंसान जैसे-जैसे तरक्की कर रहा है, वैसे ही उसे तमाम गंभीर बीमारियों का सामना भी करना पड़ रहा है। आम तौर पर छोटी-मोटी बीमारियों से शरीर में मौजूद अच्छे बैक्टीरिया लड़ लेते हैं, लेकिन गंभीर बीमारियों के लिए दवा का सहारा लेना पड़ता है। दवा से अच्छे बैक्टीरिया भी मर जाते हैं। ऐसे में खतरा इस बात का है कि एक दिन इंसान के शरीर में अच्छे बैक्टीरिया बचेंगे ही नहीं और ऐसे में हर छोटी बीमारी के लिए भी दवा खानी पड़ेगी। इससे बचने के लिए वैज्ञानिकों ने अनोखा तरीका अपनाने का फैसला किया है।

“साइंस” नाम के जर्नल में बताया गया है कि वैज्ञानिकों ने इंसानी शरीर में मिलने वाले अच्छे बैक्टीरिया को बचाने के लिए उन्हें नॉर्वे की वैलबार्ड ग्लोबल सीड वॉल्ट की तरह रखने की व्यवस्था की है। बता दें कि इस वॉल्ट में वैज्ञानिकों ने दुनियाभर के पौधों के बीज बचाकर रखे हैं। ताकि कभी अगर किसी वजह से सभ्यता का विनाश हो जाए, तो पेड़-पौधों को दोबारा उगाया जा सके। इसी तरह अच्छे बैक्टीरिया को भी संभालकर रखा जाएगा, ताकि इंसान अगर धरती से खत्म हो जाएं और इंसानों की दूसरी प्रजाति कभी जन्म ले, तो उसके शरीर में ये बैक्टीरिया प्रवेश कराए जा सकें।

जिस वॉल्ट में अच्छे बैक्टीरिया को रखा जाएगा, वहां के लिए सारा प्लान न्यू ब्रंसविक के रजर्स यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिक तैयार कर रहे हैं। इन वैज्ञानिकों का कहना है कि इंसान के जिस्म में अरबों-खबरों की संख्या में बैक्टीरिया होते हैं। इनमें से तमाम शरीर के लिए जरूरी होते हैं। इन बैक्टीरिया के बगैर इंसानों को अस्थमा, अलर्जी और मोटापा जैसी बीमारियां होती हैं।

वैज्ञानिक दल की प्रमुख मारिया ग्लोरिया डोमिंगेज बेलो का कहना है कि आने वाले वर्षों में दवाइयों की वजह से और प्रदूषण के कारण इंसान के शरीर से अच्छे बैक्टीरिया खत्म होने की आशंका है। इससे बचाने के लिए ही इन बैक्टीरिया को वॉल्ट में रखे जाने की योजना है। योजना के तहत दुनिया के हर हिस्से में इंसानों से अच्छे बैक्टीरिया जुटाए जाएंगे। क्योंकि अलग-अलग जगह के इंसानों में अलग-अलग किस्म के बैक्टीरिया पाए जाते हैं। मारिया के मुताबिक शरीर में जो भी बैक्टीरिया होते हैं, वे सभी इंसानों के साथ करोड़ों साल से लगातार प्रगति करते हुए इस हालत में पहुंचे हैं। इनकी वजह से हम खाना पचा पाते है। हमारा प्रतिरोधक तंत्र मजबूत रहता है और अन्य खतरनाक बैक्टीरिया से शरीर बचा रहता है।

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