अबू सलेम को निकाह के लिए नहीं मिली पैरोल, हाईकोर्ट ने खारिज की अर्जी

12 0

मुंबई। बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार को अबू सलेम की 45 दिन की पैरोल अर्जी खारिज कर दी। उसने पैरोल की यह अर्जी निकाह करने के लिए दाखिल की थी। बताया जाता है कि सलेम ने मुंब्रा इलाके में रहने वाली बहार कौसर से 2014 में शादी की थी, लेकिन वह अब इसे कानूनी रूप देना चाहता है। बता दें कि सलेम 1993 मुंबई ब्लास्ट केस में यहां की ऑर्थर रोड जेल में उम्रकैद की सजा काट रहा है।

45 दिन का मांगा था पैरोल

अबू सलेम ने तीसरी शादी के लिए 45 दिन की पैरोल की अर्जी लगाई थी। इससे पहले मुंबई के मुंब्रा इलाके में रहने वाली कौसर बहार ने कोर्ट में आवेदन देकर कहा था कि वह अबू सलेम से शादी करना चाहती है। उसने कोर्ट को बताया कि चार साल पहले उसने और सलेम ने ट्रेन में निकाह किया था, लेकिन अब वे आधिकारिक तौर पर शादी करना चाहते हैं इसलिए उन्हें इसकी इजाजत दी जाए। मामले की सुनवाई कर रहे कार्यवाहक चीफ जस्टिस विजया कापसे ताहिलरमानी और जस्टिस महेश सोनक की डिविजन बेंच ने सलेम की अर्जी खारिज कर दी। बता दें कि पैरोल के लिए सलेम ने अप्रैल में भी याचिका दायर की थी लेकिन सुरक्षा कारणों से प्राधिकारियों ने याचिका खारिज कर दी थी।

पहले भी दायर की थी अर्जी

सलेम ने पिछले साल भी शादी करने की इजाजत मांगी थी, लेकिन टाडा कोर्ट ने इसे खारिज कर दिया था। वहीं कौसर ने सलेम से शादी की इजाजत के लिए 2015 में कोर्ट में अर्जी दी थी। इसमें उसने कहा था, ‘2014 में सलेम से ट्रेन में निकाह करने की खबरों ने मेरी जिंदगी तबाह कर दी। सलेम से सामाजिक तौर पर शादी करने के अलावा दूसरा रास्ता नहीं बचा। मुझे इसकी इजाजत नहीं दी गई तो खुदकुशी कर लूंगी।’ बता दें कि ट्रेन में निकाह मुबंई के एक काजी ने फोन पर पढ़वाया था। दोनों के निकाह की बात कौसर के परिवार वाले भी स्वीकार कर चुके हैं।

मोनिका बेदी से भी शादी की थीं खबरें

बताया जा रहा है कि यह अबू सलेम की तीसरी शादी है। इससे पहले वह समीरा नाम की महिला को तलाक दे चुका है। अभिनेत्री मोनिका बेदी से भी उसके शादी करने की चर्चा रही। हालांकि, यह बात दोनों ने सार्वजनिक तौर पर स्वीकार नहीं की। हालांकि मोनिका, सलेम से मोहब्बत की बात कई बार इंटरव्यू में स्वीकार कर चुकी है।

Related Post

समलैंगिक संबंध अपराध है या नहीं, संविधान पीठ करेगी सुनवाई

Posted by - January 8, 2018 0
आईपीसी की धारा 377 की संवैधानिक वैधता पर पुनर्विचार करेगी सुप्रीम कोर्ट की बड़ी पीठ नई दिल्‍ली। सुप्रीम कोर्ट समलैंगिक…

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *