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अनोखी प्रतियोगिता : पत्नी को पीठ पर लादकर एक घंटे दौड़े 13 देशों के 53 पति

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  • लिथुआनिया के जोड़े ने छह बार के विजेता ताइस्तो और माइत्‍नेन को हराकर जीता इस साल का खिताब

हेलसिंकी। फिनलैंड के शहर सोंकजारवी में पिछले दिनों एक अनोखी दौड़ प्रतियोगिता हुई। इसमें पति अपनी पत्‍नी को कंधे पर उठाकर लगभग एक घंटे तक दौड़ लगाता है। इस प्रतियोगिता को ‘वाइफ कैरीइंग चैंपियनशिप’कहा जाता है। इस बार प्रतियोगिता में 13  देशों के 53 जोड़ों ने हिस्सा लिया। इस साल का खिताब लिथुआनिया के व्यतुत्स किर्कलियुकास और उनकी पत्‍नी नेरिंगा ने जीता।

कैसे होती है प्रतियोगिता ?

‘वाइफ कैरीइंग चैंपियनशिप’में भाग लेने वाले प्रतिभागियों को अपनी पत्‍नी को कंधे पर लादकर कई बाधाएं पार करते हुए एक घंटे तक लगातार दौड़ लगानी पड़ती है।  इस प्रतियोगिता में जोड़ों को कृत्रिम तालाब, रेतीली जमीन, लकड़ी के बैरियर समेत कई अन्य बाधाओं को पार करना होता है। पूरी प्रतियोगिता के दौरान पति को अपनी पत्‍नी को कंधे पर लादे रहना होता है।

23 साल से हो रही प्रतियोगिता ?

बता दें कि फिनलैंड में यह प्रतियोगिता पिछले 23 साल से अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर पर हो रही है। शुरुआत में यह प्रतियोगिता फिनलैंड के दूसरे शहरों में हुई, लेकिन वर्ष 2005  से इसे सोंकजारवी में ही आयोजित किया जा रहा है। इस प्रतियोगिता में अमेरिका, ब्रिटेन, स्‍टोनिया और स्वीडन समेत कई देशों के जोड़े शामिल होते हैं। इस साल लिथुआनिया के कपल ने छह बार के विजेता ताइस्तो और माइत्‍नेन को हराकर खिताब अपने नाम किया।

कैसे शुरू हुई प्रतियोगिता ?

दरअसल, यह प्रतियोगिता शुरू करने के पीछे एक बड़ी ही रोचक कहानी है। 19वीं सदी में फिनलैंड का एक डाकू रॉकनेन अपने गिरोह में लोगों को शामिल करने से पहले उनका टेस्‍ट लेता था। इसके तहत लोगों को अनाज से भरा बोरा या जिंदा सुअर कंधे पर उठाकर दौड़ लगाने को कहा जाता था। इसके बाद से ही फिनलैंड में इस तरह की दौड़ की परम्‍परा शुरू हुई। बता दें कि फिनलैंड को दुनिया को कई अनोखे खेल से परिचित कराने के लिए जाना जाता है। इसने दुनिया को वर्ल्ड बूट थ्रोइंग, एयर गिटार और मोबाइल फोन थ्रोइंग जैसी प्रतियोगिताएं दी हैं।

देखें प्रतियोगिता का वीडियो –

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