किसान भाइओं इस छड़ी को देख सनसना कर भागने लगते हैं सांप

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लखनऊ। बरसात का मौसम आने वाला है, ऐसे में खेतों और घरों में सांप निकलना लाजमी है। ऐसे मौसम में खेत में काम करने वाले किसान को काफी सावधानी बरतनी पड़ती है क्योंकि अगर वो सावधान न रहे तो सांप कभी भी उसे डस सकते हैं। लेकिन अब बाजार में एक ऐसी छड़ी आने वाली है, जिसके इस्‍तेमाल से सांप काटने के खतरे से बचा जा सकता है। यह छड़ी सौर ऊर्जा से संचालित होती है। 

सांप काटने से हर साल 50 हजार लोगों की होती है मौत

American Society of Tropical Medicine and Hygiene के मुताबिक, भारत में हर साल लगभग 46,000 लोग, जिनमें ज्‍यादातर किसान होते हैं, सांप के डसने से मर जाते हैं। हालांकि 95% सांप नुकसान नहीं पहुंचाते हैं, फिर भी कई ऐसे सांप हैं जिनके काटने से ग्रामीणों की मौत हो जाती है। अब बेंगलुरु स्थित प्रसादम इंडस्ट्रीज ने एक ‘स्नेक गार्ड’ बनाया है जो छड़ी की तरह दिखता है। इसे किसान अपने साथ खेतों में ले जाकर सांपों से सुरक्षित रह सकते हैं।

कैसे काम करता है ‘स्नेक गार्ड’

‘स्नेक गार्ड’ का अभी परीक्षण चल रहा है। आपको बता दें ये छड़ी लोहे की बनी हुई है। सौर ऊर्जा से संचालित यह छड़ी सांप-प्रतिरोधी और अल्ट्रासोनिक है। किसान इसे अपने साथ खेत में ले जाकर वहां गाड़ सकता है। यह डिवाइस हर 10 सेकंड में सोनिक वेव (तरंगें) भेजती है, जिससे सांप अपने लिए खतरा महसूस करते हैं। इन तरंगों की पहुंच 15 मीटर तक होती है। जब सांप के पास ये तरंगें पहुंचती हैं तो वे इनसे खुद को असुरक्षित महसूस करने लगते हैं और उससे दूर भागते हैं। इसके कारण किसान को सांप के काटने का खतरा नहीं रहता और सांप भी सुरक्षित हो जाते हैं।

इस डिवाइस का उद्देश्‍य

इस डिवाइस का मुख्य उद्देश्य एक साधारण तकनीक के माध्यम से मनुष्य और सांप के बीच मुठभेड़ को कम करना है। एक पायलट के रूप में, कर्नाटक और महाराष्ट्र के किसानों को ऐसी कुछ छडि़यां दी गई हैं। इसका काफी सकारात्‍मक परिणाम देखने को मिला है। फिलहाल विभिन्न तरह की मिट्टी के लिए इस डिवाइस का परीक्षण किया जा रहा है। जब बड़े पैमाने पर ये स्नेक गार्ड ग्रामीणों को मिलने लगेंगे तो काफी प्रभावी सिद्ध होंगे।

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