पठानकोट एयरबेस के पास सेना की वर्दी में दिखे 3 संदिग्ध, हाई अलर्ट

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  • हथियारों के साथ दिखाई दिए इन संदिग्‍धों के फिदायीन होने का शक, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

नई दिल्ली। भारत-पाकिस्‍तान सीमा के पास पठानकोट के नजदीक बुधवार (18 अप्रैल) देर रात तीन हथियारबंद संदिग्धों को देखे जाने की सूचना मिली है। इस सूचना के बाद पठानकोट में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। सेना की वर्दी में दिखे इन संदिग्ध लोगों के फिदायीन गुट के सदस्य होने की आशंका जताई जा रही है।

गाड़ी में ली थी लिफ्ट

जानकारी के मुताबिक, बुधवार रात करीब 12 बजे सेना की वर्दी में तीन लोगों ने हिमाचल की तरफ से आने वाली एक गाड़ी से लिफ्ट मांगी। गाड़ी चालक ने उन्हें लिफ्ट दे दी। रास्ते में युवक को शक हुआ तो उसने सेना की वर्दी पहने हुए दो संदिग्धों से पूछताछ की। गाड़ी चालक कुछ कर पाता, इससे पहले ही दोनों संदिग्धों ने उसे मारपीट कर गाड़ी से उतार दिया और कार लेकर फरार हो गए। कार के मालिकों ने इसकी जानकारी पुलिस को दी। सूचना मिलने के बाद सेना ने पूरे इलाके में हाई अलर्ट जारी कर दिया है।

सर्च अभियान चला रही सेना

पठानकोट एयरबेस के पास संदिग्धों के देखे जाने की खबर मिलने के बाद उनकी तलाश में सेना की ओर से तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। बताया जा रहा है कि भारतीय सेना ने संदिग्धों द्वारा अगवा की गई कार को बरामद कर लिया है। पठानकोट में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। संदिग्ध लोगों की तलाश में अभियान और तेज कर दिया गया है। साथ ही किसी तरह के आतंकी हमले से निपटने के लिए पूरी तैयारी की गई है। उधर, पंजाब और हिमाचल प्रदेश पुलिस भी चौकन्ना हो गई है। पंजाब के कई इलाकों में पुलिस नाका लगाकर गाड़ियों की तलाशी ले रही है।

खुफिया विभाग ने क्‍या बताया ?

खुफिया विभाग के मुताबिक, संदिग्ध लोगों ने लिफ्ट देने वाली कार एक गांव कोट भट्टियां में छोड़ दी और वहां से एक क्रेटा या ब्रीजा कार में आगे बढ़ गए। यह क्रेटा या ब्रीजा कार कहां से आई और किसकी थी, इसका पता फिलहाल नहीं चल पाया है। संदिग्धों के पास फोल्ड होने वाली राइफल व अन्य हथियार भी देखे गए हैं। खुफिया विभाग से यह इनपुट मिलने के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ गए हैं।

एयरबेस पर 2017 में हुआ था हमला

बता दें कि 2017 में सीमापार से आतंकवादियों ने एक-दो जनवरी की रात पठानकोट एयरबेस में घुसकर हमला कर दिया था। इस हमले में 7 सुरक्षाकर्मियों की जान चली गई थी, वहीं चार आतंकवादी मारे गए थे। इससे पहले 27 जुलाई 2015 को गुरदासपुर के दीनानगर में हमला किया गया था। दीनानगर हमले में सेना की वर्दी पहने तीन हथियारबंद आतंकियों ने एक थाने पर हमला कर दिया था जिसमें एक पुलिस अधीक्षक समेत 7 पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे। इस हमले के बाद भारतीय सेना ने सर्च ऑपरेशन में सभी आतंकवादियों को ढेर कर दिया था।

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