पाक पर अमेरिका के इस ताजा एक्शन से आपका दिल हो जाएगा GARDEN-GARDEN

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इस्लामाबाद। पाकिस्तानी मीडिया में खबर है कि अमेरिका ने आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले पाकिस्तान पर शिकंजा और कस दिया है। इसके तहत अमेरिका में पाकिस्तानी राजनयिक अपनी पोस्टिंग की जगह से सिर्फ 25 किलोमीटर के दायरे में आ और जा सकेंगे।

पाक के राजनयिकों पर कैसा नियम ?
पाकिस्तान की मीडिया में आई खबरों के मुताबिक, पाकिस्तानी राजनयिक अगर 25 किलोमीटर के दायरे से बाहर जाना चाहेंगे, तो उन्हें अमेरिकी विदेश विभाग से कम से कम पांच दिन पहले मंजूरी लेनी होगी। बताया जा रहा है कि वॉशिंगटन में पाकिस्तानी दूतावास को इस बारे में अमेरिकी सरकार ने चिट्ठी भेजी है। हालांकि पाकिस्तानी दूतावास और अमेरिकी विदेश विभाग ने ऐसे किसी आदेश की खबरों को गलत बताया है।

पहले किसने किया खुलासा ?
पाकिस्तान पर अमेरिकी शिकंजा कसे जाने का खुलासा सबसे पहले पाकिस्तान के डॉन अखबार ने किया। डॉन में छपा कि मार्च के मध्य में पाकिस्तानी दूतावास को अमेरिकी सरकार ने नए नियमों के बारे में लिखित में जानकारी दी थी। इसके बाद से वॉशिंगटन और इस्लामाबाद में दोनों पक्षों के बीच इस मुद्दे पर कई दौर की बातचीत हो चुकी है।



पाक-अमेरिकी रिश्तों में खटास
बता दें कि पाकिस्तान और अमेरिका के बीच 2017 के अगस्त महीने में रिश्ते तनावपूर्ण हो गए थे। उस वक्त ट्रंप प्रशासन ने पाकिस्तान में आतंकियों को पनाह मिलने को लेकर उसे वॉच लिस्ट में रखा था। बीते हफ्ते एक अमेरिकी राजनयिक ने चौराहे पर रेड लाइट का उल्लंघन किया। इससे उसकी गाड़ी से कथित तौर पर कुचलकर एक मोटरसाइकिल सवार की मौत हो गई। गाड़ी चला रहे अमेरिका के डिफेंस अटाशे कर्नल इमैन्युअल हॉल को डिप्लोमैटिक इम्युनिटी होने की वजह से गिरफ्तार नहीं किया गया। अमेरिका ने अब कहा है कि उसके डिफेंस अटाशे को वियना समझौते के तहत राजनयिक का दर्जा मिला हुआ है जिसका पाकिस्तान को ध्यान रखना होगा।



कहां हैं अमेरिकी डिफेंस अटाशे ?
अमेरिका ने इस्लामाबाद में अपने डिफेंस अटाशे को हादसे के बाद से गुप्त स्थान पर छिपा रखा है। अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि अपने राजनयिक की सुरक्षा के लिए हम ये नहीं बता सकते कि डिफेंस अटाशे को कहां रखा गया है। इस मामले में हम पाकिस्तानी अफसरों से बात कर रहे हैं। प्रवक्ता ने कहा कि इस्लामाबाद में अमेरिकी दूतावास हर तरह से जांच में मदद कर रहा है।

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