• परिवारीजनों का रो-रोकर बुरा हाल, पूरे गाँव में शोक की लहर

शिवरतन कुमार गुप्ता ‘राज़’

महाराजगंज। जिले के सिसवा विकास खण्ड के कोठीभार थानाक्षेत्र के ग्राम सभा गौरा मौलवी टोला निवासी 23 वर्षीय शत्रुघ्‍न प्रसाद की सऊदी अरब में कार्य करने के दौरान मौत हो गई। इसकी खबर जब घर पहुंची तो उसके बाद से शत्रुघ्‍न के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। पूरे गाँव में भी शोक की लहर है।

मिली जानकारी के अनुसार, गौरा निवासी शत्रुघ्‍न प्रसाद पुत्र केशर उर्फ़ सर्वजीत सऊदी अरब के अलवाहा अलकिक (छोटा शहर) स्थित सलेह सईद तहसानको कंपनी में कंस्ट्रक्शन लाइन में हेल्पर था। शत्रुघ्‍न के पिता केशर ने बताया कि 4 फरवरी को कार्य करने के दौरान ही लंच के समय टांका लगाते समय टंकी का ढक्कन ब्लास्ट हो गया जिससे शत्रुघ्‍न की वहीं मौके पर ही मौत हो गई। परिजनों द्वारा शत्रुघ्‍न के शव को भारत ले आने की प्रक्रिया आरम्भ कर दी गई है।

पहले भी एक बार जाकर लौट चुका था शत्रुघ्‍न

घर की माली हालत को सुधारने का सपना लिये शत्रुघ्‍न सऊदी अरब में पहली बार 10 जुलाई, 2015 को गया था। वहां लगभग डेढ़ साल तक लगातार काम करने के बाद तीन-चार महीने की छुट्टी लेकर घर आया था। फिर दूसरी बार शत्रुघ्‍न 28 अगस्त, 2017 को सऊदी अरब की एक कम्पनी में कंस्ट्रक्शन लाइन में हेल्पर का काम करने लगा। काम करने के दौरान ही दुर्घटना में शत्रुघ्‍न की मौत हो गई।

 माँ-बाप की आँखों का तारा था शत्रुघ्‍न

अपने घर की माली हालत को सुधारने व अपने तीन छोटी बहनों की शादी का जिम्मा लेकर भाई व पुत्र का फर्ज निभाने के लिए पैसा कमाने की नीयत से सऊदी अरब गए शत्रुघ्‍न को क्या मालूम था वो एक दिन अपने घर वालों को अकेला छोड़कर चला जाएगा। शत्रुघ्‍न अपने पिता केशर व माता कबूतरी देवी की चार संतानों में सबसे बड़ा था। इसके बाद उससे छोटी तीन बहनें क्रमशः 19 वर्षीय रुक्मणी, 15 वर्षीय दिव्या और सबसे छोटी 11 वर्षीय रेखा थी। पिता केशर ने बताया कि रुक्मणी का विवाह तय हो गया था। उन्हें उम्मीद थी कि इस बार जब शत्रुघ्‍न आएगा तो बेटी के विवाह में काफी सहयोग मिलेगा, परन्तु भाग्य को कुछ और ही मंजूर था।