• बजट सत्र के दूसरे चरण का पहला दिन विपक्ष के हंगामे की भेंट चढ़ा

नई दिल्ली संसद के बजट सत्र का दूसरा चरण सोमवार (5 मार्च) को शुरू होने के कुछ ही देर बाद विपक्षी सांसदों के हंगामे की भेंट चढ़ गया। विपक्ष की नारेबाज़ी के चलते लोकसभी की कार्यवाही पहले दोपहर तक के लिए स्थगित की गई, फिर इसे मंगलवार तक स्‍थगित कर दिया गया। वहीं राज्यसभा में भाजपा तथा कांग्रेस दोनों पार्टियों ने स्थगन प्रस्ताव पेश किया। उनका कहना था कि उनके उठाए मुद्दों पर तुरंत चर्चा होनी चाहिए।

पूर्व केंद्रीय वित्तमंत्री पी. चिदम्बरम के पुत्र कार्ति की पिछले सप्ताह हुई गिरफ्तारी के बाद भाजपा का कहना है कि ‘पूर्व मंत्रियों के नातेदारों के भ्रष्टाचार में लिप्त होने तथा मंत्रियों द्वारा उनकी रक्षा किए जाने की ख़बरों’ पर बहस होनी चाहिए। उधर, दूसरी तरफ विपक्ष ने नीरव मोदी द्वारा पंजाब नेशनल बैंक के साथ धोखाधड़ी करने और भारत से बाहर भाग जाने को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से स्पष्टीकरण की मांग की है। संसद के बजट सत्र की शुरुआत के दौरान पीएम मोदी भी संसद में मौजूद रहे। इससे पहले आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य के दर्जे के मांग को लेकर एनडीए के सहयोगी दल टीडीपी और वाईएसआर कांग्रेस ने जमकर हंगामा किया। वहीं पीएनबी घोटाले को लेकर भी टीएमसी के सांसदों ने संसद के भीतर गांधी प्रतिमा के पास प्रदर्शन किया।

संसद में कृष्‍ण का रूप धरकर पहुंचे टीडीपी सांसद

टीडीपी सांसद शिव प्रसाद

सत्र शुरू होने से पहले टीडीपी सांसद शिव प्रसाद अनोखे अंदाज में संसद आए जिससे सबका ध्यान उनकी तरफ चला गया। दरअसल, शिव प्रसाद भगवान कृष्ण की वेशभूषा में संसद पहुंचे। उन्होंने हाथों में बांसुरी और सिर पर मोर-मुकुट भी धारण कर रखा था। अपने प्रदेश के लिए स्पेशल पैकेज की मांग के प्रदर्शन में उनके इस अंदाज ने मौजूद मीडियाकर्मियों का ध्यान खींचा और सारे कैमरे उन्हें कैद करने के लिए मुड़ गए। उल्लेखनीय है कि टीडीपी आंध्र प्रदेश को दिए आवंटन पर वित्त मंत्री अरुण जेटली के बयान से नाखुश है। इतना ही नहीं, मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू भी बजट को लेकर खुले शब्दों में अपनी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं।